भाई दूज 2026 बुधवार, 11 नवंबर को है। जयपुर के पंचांग में तिलक के लिए अपराह्न समय 13:16–15:27 बजे बताया गया है। त्योहार को यम द्वितीया और भाऊ बीज भी कहा जाता है। परिवारों में तिलक, आरती, भोजन और मिलने-जुलने की रीति अलग हो सकती है; शहर बदलने पर मुहूर्त भी बदलता है।
द्वितीया तिथि और तिलक का समय
जयपुर में कार्तिक शुक्ल द्वितीया 10 नवंबर 14:00 से 11 नवंबर 15:53 तक है। पंचांग 11 नवंबर के अपराह्न को भाई दूज के लिए चुनता है। यदि परिवार के लोग अलग शहरों में हैं तो मिलने का समय तय करने से पहले उस शहर का स्थानीय पंचांग और यात्रा-समय देखें। तिथि समाप्त होने का समय और प्रकाशित तिलक मुहूर्त एक ही चीज नहीं हैं।
सरल तैयारी
- तिलक की थाली, जल, फूल, मिठाई या घर में उपलब्ध प्रसाद पहले से रखें।
- आरती या प्रार्थना घर की परंपरा के अनुसार करें। किसी एक सूची को सभी परिवारों पर लागू न मानें।
- उपहार को अनिवार्य खर्च न बनाएं; साथ समय बिताना भी पर्व का हिस्सा है।
- भोजन में परिवार की पसंद, एलर्जी और बुजुर्गों की जरूरत का ध्यान रखें।
यदि साथ मिलना संभव न हो
दूरी या काम के कारण भाई-बहन साथ नहीं हों तो फोन या वीडियो कॉल से शुभकामना देना भी अपनापन व्यक्त करता है। धार्मिक अनुष्ठान की व्यवस्था बाद में परिवार की सहमति से की जा सकती है। रिश्ते की गर्माहट को केवल एक खास समय या वस्तु में सीमित न करें।
जयपुर की तिथि और समय का स्रोत 2026 भाई दूज पंचांग है। दिवाली से भाई दूज तक सभी तारीखें इस कैलेंडर में देखें।
चित्र-कथा: भाई दूज 2026: जयपुर तिलक समय